आधयात्मिक मूल्यों के लिए समर्पित सामाजिक सरोकारों की साहित्यिक पत्रिका.

Tuesday, June 21, 2016

योग करे सब को निरोग

२१ मई को योग दिवस के अवसर पर देश और विदेशों में करोड़ों लोगों ने योग किया. यह एक शुभ संकेत है।  भारत एक सनातन मूल्यों का देश है।  हमारे मनीषियों ने देश धर्म की दीवारों से परे जाकर जन कल्याण के लिए कार्य किया है।  योग को किसी पंथ देश या दल की सीमाओं में बांधना शुभ संकेत नहीं है।  अलग अलग धर्म के लोग इसे अलग अलग तरीकों से करते जरूर है।  परन्तु इसे योग नाम देने से उन्हें साम्प्रदायिकता की बू आने लगती है।
मेरा मनना है की चाहे कोइ किसी रूप में करे योग तो सब को निरोग करता है।

  

No comments: